छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के लगभग सभी संभागों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई है। राजधानी रायपुर सहित कई क्षेत्रों में गुरुवार रात से लगातार वर्षा होती रही और शुक्रवार सुबह तक रुक-रुक कर बूंदाबांदी का दौर जारी रहा। बारिश से तापमान में गिरावट आई है और मौसम सुहावना बना हुआ है।
मौसम विभाग के अनुसार, आगामी दो दिनों तक राज्य के विभिन्न जिलों में बारिश का यह सिलसिला जारी रह सकता है। विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि कुछ जिलों में मध्यम से भारी वर्षा के आसार हैं। सबसे अधिक बारिश पखांजूर में दर्ज की गई है, जहां 60 मिमी तक वर्षा हुई है। वहीं, राजनांदगांव में अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और पेंड्रारोड में न्यूनतम तापमान 19.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
रायगढ़ और गरियाबंद जिलों में बारिश के साथ बिजली गिरने की घटनाएं सामने आई हैं, जिनमें 6 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। प्रशासन ने लोगों को बिजली गिरने के दौरान खुले स्थानों में न जाने की अपील की है।
मौसम विभाग ने कोरिया, मुंगेली और बलौदाबाजार जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि रायगढ़, बस्तर, धमतरी, सरगुजा, दुर्ग, बालोद और अन्य 25 जिलों में येलो अलर्ट जारी किया गया है। इन इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चलने और बिजली गिरने की आशंका जताई गई है।
विशेषज्ञों के मुताबिक, इस वर्ष मानसून की वापसी में देरी हो सकती है और 15 अक्टूबर के बाद इसके लौटने की संभावना है। लगातार हो रही बारिश से किसानों को राहत मिली है क्योंकि खेतों में नमी बढ़ने से फसलों को फायदा होगा। हालांकि, कुछ निचले इलाकों में जलभराव और यातायात प्रभावित होने जैसी समस्याएं भी देखने को मिल रही हैं।
प्रशासन ने सभी जिलों में सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं और मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन पर नज़र रखने की सलाह दी है।
