रायपुर: राजधानी रायपुर में साइबर ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां फर्जी ई-चालान के नाम पर भेजे गए लिंक के जरिए ठगों ने एक व्यक्ति के क्रेडिट कार्ड से 4 लाख 52 हजार 132 रुपये की अवैध निकासी कर ली। ठगी की यह पूरी वारदात सुनियोजित तरीके से एक फर्जी वेबसाइट के माध्यम से अंजाम दी गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीड़ित के मोबाइल फोन पर ई-चालान भुगतान से संबंधित एक SMS आया था। संदेश में दिए गए लिंक पर क्लिक करने पर 1200 रुपये की स्पीड लिमिट पेनल्टी का चालान दिखाया गया। इसे वास्तविक मानते हुए पीड़ित ने ऑनलाइन भुगतान की प्रक्रिया शुरू कर दी। भुगतान के दौरान जैसे ही उसने क्रेडिट कार्ड की डिटेल और OTP दर्ज किया, उसी समय साइबर ठगों ने उसके खाते तक पहुंच बना ली।
अगले दिन जब पीड़ित ने अपना ई-मेल और बैंक स्टेटमेंट चेक किया, तो उसे ठगी का पता चला। उसके कॉर्पोरेट क्रेडिट कार्ड से तीन अलग-अलग ट्रांजैक्शन के माध्यम से कुल 4,52,132 रुपये निकाल लिए गए थे। यह रकम 1.89 लाख रुपये, 1.60 लाख रुपये और 1.02 लाख रुपये की तीन किस्तों में ऑनलाइन ट्रांसफर की गई थी।
मामले की जानकारी मिलते ही पीड़ित ने विधानसभा थाना पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर BNS की संबंधित धाराओं के तहत अपराध पंजीबद्ध कर जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि ठगी की पूरी प्रक्रिया एक फर्जी वेबसाइट के जरिए की गई थी, जिसे असली ई-चालान पोर्टल की तरह डिजाइन किया गया था।
पुलिस अब साइबर ठगी में इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबरों, बैंक खातों और डिजिटल ट्रांजैक्शन के तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान और तलाश में जुटी हुई है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने से पहले उसकी सत्यता जरूर जांचें और ई-चालान या किसी भी ऑनलाइन भुगतान के लिए केवल सरकारी और अधिकृत वेबसाइट का ही उपयोग करें।
