28.9 C
Raipur
October 25, 2026
The Defence
छत्तीसगढ़

CCTNS बना रिश्तों की डोर: रायपुर पुलिस ने गुमशुदा बुजुर्ग को खोजकर बेटे से मिलवाया, चेहरे की पहचान से खुली परिवार की कहानी

रायपुर. कभी खो जाने वाले वापस नहीं मिलते—इस कहावत को रायपुर पुलिस ने गलत साबित कर दिखाया। CCTNS (Crime and Criminal Tracking Network System) के डाटा बैंक की मदद से 75 वर्षीय गुमशुदा बुजुर्ग की पहचान कर उन्हें उनके बेटे से मिलवा दिया गया। यह मामला भावुकता, तकनीक और इंसानियत की मिसाल बन गया है।

कौन हैं बुजुर्ग?

बुजुर्ग 75 वर्षीय व्यक्ति, मानसिक रूप से असमर्थ अवस्था में कुछ दिन पहले रायपुर रेलवे स्टेशन के पास घूमते मिले थे। पूछताछ में कुछ भी स्पष्ट जानकारी नहीं दे पाए, न नाम, न पता, न कोई संपर्क।

पुलिस ने ऐसे जोड़ा सुराग

सिविल लाइन थाने की टीम ने बुजुर्ग को स्टेशन के पास से संरक्षण में लिया। इसके बाद फेस रिकॉग्निशन और CCTNS सिस्टम के डाटा बैंक का सहारा लिया गया। डाटा खंगालते हुए एक गुमशुदगी की पुरानी रिपोर्ट सामने आई, जिसमें चेहरा और हुलिया मेल खा गया।

पामगढ़ से जुड़ा कनेक्शन

बुजुर्ग की पहचान पामगढ़ निवासी के रूप में हुई। संपर्क करने पर उनके बेटे से बात हुई, जिन्होंने बताया कि

 “पिता जी एक महीने से घर से लापता थे, हमने जगह-जगह तलाश की थी।”

तुरंत रायपुर पहुंचे बेटे ने पुलिस टीम का आभार जताया और बुजुर्ग को अपने साथ घर ले गया।

पुलिस की मानवीय पहल

ASI प्रदीप शर्मा और उनकी टीम की यह कार्रवाई न केवल पुलिसिंग का उदाहरण, बल्कि इंसानियत की मिसाल भी है। टीम ने बुजुर्ग को दवा, भोजन और आराम की व्यवस्था भी करवाई जब तक परिवार नहीं पहुंचा।

 क्या है CCTNS?

Crime and Criminal Tracking Network System एक ऑनलाइन डेटाबेस है जो देशभर के गुमशुदा, वांछित और अपराध से जुड़ी प्रोफाइल को जोड़ता है। इसमें चेहरे, फिंगरप्रिंट, शिकायतें, FIR, वीडियो और फोटो आदि का रिकॉर्ड रहता है।

Related posts

किरंदुल–कोरापुट रेलखंड पर बड़ा हादसा टला: मालगाड़ी के दो डिब्बे पटरी से उतरे

admin

“बिजली बिल में राहत का श्रेय भी कांग्रेस को, तो आपकी सरकार क्या कर रही है?”

admin

रायगढ़ में 25 हाथियों का दल सड़क पर उतरा, सुरक्षा के लिए कुछ देर रोका गया ट्रैफिक

admin

Leave a Comment