छत्तीसगढ़ और ओडिशा के बीच महानदी जल बंटवारे को लेकर 1983 से विवाद जारी है। 2016 में यह मामला बढ़ने के बाद केंद्र ने 12 मार्च 2018 को महानदी जल विवाद ट्रिब्यूनल का गठन किया।
कई प्रशासनिक अड़चनों और कोविड-19 के कारण प्रक्रिया में देरी हुई। अब केंद्र सरकार ने ट्रिब्यूनल का कार्यकाल बढ़ाकर 13 जनवरी 2027 तक कर दिया है।
महानदी दोनों राज्यों की अर्थव्यवस्था और जीवन से जुड़ी अहम नदी है, इसलिए इसके फैसले का सभी को इंतजार है। 2027 की शुरुआत में इस बहुप्रतीक्षित निर्णय के आने की उम्मीद है।
