छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने ठेकेदार दीपेश गांधी के घर छापेमारी की। 6 से अधिक अधिकारी सुरक्षा बलों के साथ दो वाहनों में पहुंचकर कई घंटों से दस्तावेजों, वित्तीय रिकॉर्ड और अन्य महत्वपूर्ण कागजातों की जांच कर रहे हैं। कार्रवाई के दौरान परिवार के सदस्यों के मोबाइल फोन भी जांच के लिए अपने कब्जे में लिए जाने की जानकारी है।भारतमाला परियोजना के भूमि अधिग्रहण मुआवजा घोटाले और उससे जुड़े वित्तीय लेन-देन से संबंधित हो सकती है। हालांकि ED ने अभी तक आधिकारिक तौर पर मामले की पुष्टि नहीं की है। इससे पहले भी भारतमाला प्रोजेक्ट से जुड़े कथित 43 करोड़ रुपये के भूमि मुआवजा घोटाले में कई अधिकारियों और संबंधित लोगों के ठिकानों पर कार्रवाई हो चुकी है। आरोप है कि जमीन के दस्तावेजों में हेरफेर कर राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) से अधिक मुआवजा राशि का भुगतान कराया गया था। मामले में कई अधिकारियों और कर्मचारियों पर वित्तीय अनियमितताओं के आरोप हैं और जांच जारी है।
