रायपुर, 2 जुलाई 2025: छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के तिल्दा क्षेत्र में स्थित बिलाड़ी मिडिल स्कूल में एक शर्मनाक घटना ने सबको स्तब्ध कर दिया है। स्कूल के संकुल समन्वयक और हेड मास्टर भूपेंद्र कुमार साहू पर आरोप है कि उन्होंने महिला टॉयलेट में मोबाइल फोन छिपाकर शिक्षिकाओं और स्टाफ की निजी गतिविधियों की वीडियो रिकॉर्डिंग की। मोबाइल में दो महीने से अधिक की रिकॉर्डिंग मिलने के बाद पुलिस ने हेड मास्टर को गिरफ्तार कर लिया है।
कैसे खुला राज?
मामला तब सामने आया जब स्कूल की एक शिक्षिका को टॉयलेट में संदिग्ध वस्तु दिखाई दी। जांच करने पर पता चला कि यह एक चालू मोबाइल फोन था, जो रिकॉर्डिंग मोड में था। शिक्षिकाओं ने फोन की जांच की तो उसमें दो महीने से अधिक समय की आपत्तिजनक वीडियो रिकॉर्डिंग मिली। आक्रोशित शिक्षिकाओं ने तुरंत इसकी सूचना स्कूल प्रबंधन और तिल्दा-नेवरा थाने को दी। शिक्षिकाओं ने अपने पतियों और अन्य स्टाफ को भी इस घृणित कृत्य की जानकारी दी, जिसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा।
हेड मास्टर ने कबूला गुनाह
पुलिस पूछताछ में हेड मास्टर भूपेंद्र कुमार साहू ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि वह पिछले दो महीने से टॉयलेट में मोबाइल छिपाकर वीडियो रिकॉर्ड कर रहा था और रिकॉर्डिंग को अपने दूसरे मोबाइल और लैपट personally देखता था। पुलिस ने मोबाइल को जब्त कर साइबर सेल को जांच के लिए भेज दिया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वीडियो का दुरुपयोग हुआ या नहीं।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
तिल्दा-नेवरा थाना प्रभारी सत्येंद्र Singh श्याम ने बताया कि हेड मास्टर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 354C (वॉयरिज्म) और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की गहन जांच की जा रही है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या रिकॉर्डिंग किसी अन्य व्यक्ति के साथ साझा की गई।
शिक्षा विभाग और समाज में आक्रोश
इस घटना ने शिक्षा विभाग और स्थानीय समुदाय में रोष पैदा कर दिया है। शिक्षिकाओं ने स्कूल में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं, जबकि अभिभावकों ने बच्चों और स्टाफ की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। शिक्षा विभाग ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए हैं और हेड मास्टर के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की बात कही है।
स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया
स्थानीय लोगों, ग्रामीणों और अभिभावकों ने स्कूल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है। एक अभिभावक ने कहा, “यह एक स्कूल है, जहां बच्चों और शिक्षकों की सुरक्षा सर्वोपरि होनी चाहिए। ऐसी घटना बेहद शर्मनाक है।”
हेड मास्टर का दावा
पूछताछ में भूपेंद्र साहू ने दावा किया कि उसने यह रिकॉर्डिंग केवल निजी उपयोग के लिए की थी और इसे किसी के साथ साझा नहीं किया। हालांकि, पुलिस इस दावे की सत्यता की जांच कर रही है।
क्या होगी कार्रवाई?
शिक्षा विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, “यह घटना निंदनीय है। दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, और स्कूलों में सुरक्षा के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।” वहीं, शिक्षिकाओं ने मांग की है कि इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए स्कूलों में सीसीटीवी और अन्य सुरक्षा उपायों को लागू किया जाए।
