रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार की माओवादी आत्मसमर्पण, पीड़ित राहत एवं पुनर्वास नीति-2025 के तहत नक्सलियों को मुख्यधारा से जोड़ने की पहल सफल हो रही है। कोण्डागांव जिले के फरसगांव ब्लॉक के चिंगनार गांव के पवन कुमार, जो पहले माओवादी संगठन से जुड़े थे, ने आत्मसमर्पण कर नई जिंदगी की शुरुआत की।
पुनर्वास योजना के तहत उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) से पक्का मकान, आर्थिक सहायता और मनरेगा के तहत रोजगार मिला। साथ ही बिजली, पानी, गैस और शौचालय जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गईं। अब पवन कुमार अपने परिवार के साथ सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन जी रहे हैं और सरकार के प्रति आभार व्यक्त किया है।
