राजधानी रायपुर में योग और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से सामूहिक सूर्य नमस्कार प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें जिले की विभिन्न शैक्षणिक और योग संस्थाओं की 21 टीमों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं, प्रशिक्षक और अभिभावक मौजूद रहे। आयोजन का मुख्य उद्देश्य योग के माध्यम से लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना, अनुशासन की भावना विकसित करना और भारतीय सांस्कृतिक परंपराओं के महत्व को रेखांकित करना था।
यह प्रतियोगिता बालाजी विद्या मंदिर, सेक्टर-2, कचना (केवड़ानगर) रायपुर में आयोजित की गई। संयुक्त रूप से आयोजित इस कार्यक्रम में अलग-अलग संस्थानों के प्रतिभागियों ने सामूहिक रूप से सूर्य नमस्कार का प्रदर्शन किया। प्रतिभागियों ने निर्धारित क्रम और समयबद्ध तरीके से आसनों का प्रदर्शन कर अपनी तैयारी और समर्पण का परिचय दिया। आयोजन स्थल पर योगाभ्यास का सामूहिक दृश्य आकर्षण का केंद्र रहा।
प्रतियोगिता में सरस्वती शिशु मंदिर, भारतीय योग संस्थान, गायत्री चेतना केंद्र, विवेकानंद महाविद्यालय और केंद्रीय विद्यालय क्रमांक-2 सहित कई संस्थानों की टीमों ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने न केवल तकनीकी शुद्धता पर ध्यान दिया, बल्कि सामूहिक तालमेल और अनुशासन का भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। इससे यह संदेश गया कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि मानसिक संतुलन और सामूहिक ऊर्जा का भी माध्यम है।
कार्यक्रम के समापन पर विजेता टीमों और प्रतिभागियों को मेडल, प्रमाण पत्र और नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। पुरस्कार वितरण समारोह में योग आयोग के अध्यक्ष रूपनारायण सिन्हा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि नियमित योगाभ्यास से स्वस्थ समाज की नींव मजबूत होती है और युवाओं को इसे अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाना चाहिए।
इस अवसर पर खेल और सामाजिक संगठनों के कई पदाधिकारी भी मौजूद रहे। आयोजकों ने सभी प्रतिभागियों, प्रशिक्षकों और सहयोगियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन भविष्य में भी जारी रहेंगे, ताकि नई पीढ़ी योग और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक बन सके।
