33 C
Raipur
June 5, 2026
The Defence
छत्तीसगढ़

छापे का असर:घोटाले की जांच तेज रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में नए सत्र का एडमिशन रोका

रायपुर, 15 जुलाई 2025: केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के छापों ने छत्तीसगढ़ के रावतपुरा सरकार इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च (SRIMSR) को हिलाकर रख दिया है। 1300 करोड़ रुपये के कथित रिश्वत घोटाले की जांच के चलते राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (NMC) ने रावतपुरा मेडिकल कॉलेज में नए सत्र के लिए एमबीबीएस दाखिलों पर रोक लगा दी है। सीबीआई ने 40 से अधिक मेडिकल कॉलेजों पर छापेमारी की, जिसमें रावतपुरा मेडिकल कॉलेज भी शामिल है। जांच में सामने आया कि कॉलेज ने मानकों को पूरा किए बिना मान्यता हासिल करने के लिए 55 लाख रुपये की रिश्वत दी थी।

क्या है मामला?

सीबीआई ने 30 जून 2025 को रावतपुरा मेडिकल कॉलेज के निरीक्षण के दौरान चार सदस्यीय NMC टीम के साथ सांठगांठ का खुलासा किया। इस टीम में शामिल डॉ. मंजप्पा सीएन, डॉ. चैत्रा एमएस, डॉ. अशोक शेल्के और डॉ. सतीश ने कथित तौर पर कॉलेज को अनुकूल निरीक्षण रिपोर्ट देने के लिए रिश्वत ली। सीबीआई ने छह लोगों को गिरफ्तार किया, जिसमें तीन डॉक्टर और कॉलेज के प्रशासनिक निदेशक अतुल तिवारी शामिल हैं। जांच में हवाला के जरिए रिश्वत के लेनदेन और जाली दस्तावेजों का भी खुलासा हुआ।

रावतपुरा सरकार का विवादों से नाता

कॉलेज के चेयरमैन रविशंकर महाराज, जिन्हें रावतपुरा सरकार के नाम से जाना जाता है, का नाम भी सीबीआई की FIR में शामिल है। यह पहली बार नहीं है जब रावतपुरा सरकार विवादों में घिरे हैं। उनके ट्रस्ट पर पहले भी जमीन हड़पने, अनधिकृत कॉलेज चलाने और छात्रों को धार्मिक गतिविधियों में जबरदस्ती शामिल करने के आरोप लग चुके हैं।

छात्रों और अभिभावकों में रोष

दाखिला रुकने से सैकड़ों छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है। सोशल मीडिया पर लोग इसे “शून्य वर्ष” घोषित करने की आशंका जता रहे हैं, जिसका मतलब है कि इस सत्र को रद्द किया जा सकता है। छत्तीसगढ़ में नागरिक संगठनों ने राज्य सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग की है।

       सीबीआई की जांच अब छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, राजस्थान, कर्नाटक, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में फैले इस घोटाले के तार खोज रही है। जांच एजेंसी ने 40 से अधिक स्थानों पर छापेमारी की और हवाला नेटवर्क के जरिए रिश्वत के पैसे के लेनदेन की जांच तेज कर दी है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) के भी इस मामले में शामिल होने की संभावना जताई जा रही है

Related posts

छत्तीसगढ़ का सबसे बड़ा NGO घोटाला बेनकाब: 14 साल से बिना मान्यता करोड़ों की उगाही, अब CBI ने संभाली जांच

admin

एआई की निगरानी में रहेंगी गाड़ियां और बदमाश, छत्तीसगढ़ पुलिस का हाईटेक प्लान तैयार

admin

“युवाओं को नशे से बचाने दुर्गा कॉलेज आगे आया: एकदिवसीय मास्टर वॉलिंटियर ट्रेनिंग आयोजित

admin

Leave a Comment