छत्तीसगढ़ की राजनीति में अपराध और कानून-व्यवस्था को लेकर बड़ा विवाद छिड़ गया है। रायपुर पश्चिम के पूर्व विधायक विकास उपाध्याय ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि राजधानी रायपुर अब अपराधधुर बन चुकी है। उनका कहना है कि अपराधियों पर पुलिस की वर्दी का कोई खौफ नहीं रह गया है और वे खुलेआम वारदातों को अंजाम दे रहे हैं।
उन्होंने केशकाल की कथित मुठभेड़ का उदाहरण देते हुए कहा कि निर्दोष आदिवासियों को निशाना बनाया जा रहा है। यह न केवल मानवाधिकारों का हनन है बल्कि शासन-प्रशासन की बड़ी विफलता भी है। विकास उपाध्याय ने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा ने चुनाव से पहले अपराध पर नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने के कई वादे किए थे, परंतु आज की स्थिति इसके बिल्कुल विपरीत है
पूर्व विधायक का कहना है कि अपराधी न केवल वारदात कर रहे हैं, बल्कि खुले तौर पर सोशल मीडिया पर उसकी तस्वीरें साझा कर अपनी मौजूदगी का अहसास करा रहे हैं। उन्होंने मांग की कि निर्दोष नागरिकों और आदिवासी समुदाय को न्याय दिलाने के लिए सरकार को तुरंत ठोस कदम उठाने चाहिए, अन्यथा कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो जाएगी और आम जनता भय के साये में जीने को मजबूर हो जाएगी।
