रायपुर :छत्तीसगढ़ शासन स्कूल शिक्षा विभाग ने 828 नए प्राचार्यों की नियुक्ति के लिए काउंसलिंग प्रक्रिया की शुरुआत कर दी है। यह काउंसलिंग शासकीय शिक्षा महाविद्यालय परिसर, शंकर नगर रायपुर में आयोजित की जा रही है। हर दिन दो सत्रों में 300 शिक्षकों की काउंसलिंग की जा रही है। यह काउंसलिंग शिक्षा विभाग द्वारा ऑनलाइन मोड में आयोजित की जा रही है ताकि सभी पात्र शिक्षक आसानी से अपनी पसंद के अनुसार पदों का चयन कर सकें। पहले दिन कुल 280 शिक्षकों ने इस काउंसलिंग में भाग लिया और अपने विकल्प भरे। काउंसलिंग में हिस्सा लेने वाले शिक्षकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे समय पर अपनी सभी प्राथमिकताएं दर्ज करें ताकि उनकी नियुक्ति प्रक्रिया बाधारहित रूप से पूरी हो सके।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जिन शिक्षकों ने आज काउंसलिंग में भाग नहीं लिया या विकल्प भरने में असमर्थ रहे, उनके लिए 23 अगस्त को पुनः दूसरा मौका उपलब्ध कराया जाएगा। यह अंतिम अवसर होगा, जिसके बाद कोई और आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसलिए सभी शिक्षकों को आग्रह किया गया है कि वे इस अंतिम अवसर का पूरा लाभ उठाएं।
काउंसलिंग प्रक्रिया के तहत शिक्षकों को उनके अर्हता और उपलब्ध पदों के अनुसार प्राचार्य के पद पर तैनाती दी जाएगी। यह प्रक्रिया पारदर्शिता और योग्यता के आधार पर की जा रही है ताकि शिक्षा व्यवस्था में सुधार हो सके और स्कूलों का सुचारु संचालन सुनिश्चित किया जा सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार की नियुक्ति प्रक्रिया में शिक्षा विभाग ने तकनीक का बेहतर इस्तेमाल किया है जिससे काउंसलिंग अधिक व्यवस्थित और त्वरित हुई है। इससे शिक्षकों को अपनी पसंद के अनुसार स्थान चुनने में सुविधा मिलेगी और नियुक्ति जल्दी पूरी हो सकेगी।
शिक्षकों और अभिभावकों ने भी इस पहल की सराहना की है क्योंकि इससे स्कूलों के नेतृत्व में सुधार होगा और बच्चों को बेहतर शिक्षा मिलने की उम्मीद बढ़ेगी। विभाग ने सभी संबंधितों से आग्रह किया है कि वे काउंसलिंग के दौरान सभी आवश्यक दस्तावेज साथ लेकर आएं और निर्देशों का पालन करें।
अंत में यह कहा जा सकता है कि 828 प्राचार्यों की नियुक्ति से शिक्षा प्रणाली में मजबूती आएगी और स्कूलों का स्तर बेहतर होगा। इस प्रक्रिया को समय से पूरा करना शिक्षा विभाग की प्राथमिकता बनी हुई है।
