राजधानी रायपुर में फरार और लंबे समय से न्यायालयीन वारंट पर चल रहे आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने व्यापक अभियान चलाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। नॉर्थ जोन पुलिस द्वारा सोमवार–मंगलवार की रात विशेष अभियान चलाकर कुल 182 वारंटियों को गिरफ्तार किया गया। इस कार्रवाई में महिला वारंटी भी शामिल हैं। पुलिस ने सभी गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह अभियान उन आरोपियों के खिलाफ केंद्रित था जो लंबे समय से गिरफ्तारी से बच रहे थे और जिन पर न्यायालय द्वारा स्थायी एवं गिरफ्तारी वारंट जारी थे। कई आरोपी वर्षों से ठिकाने बदल-बदलकर पुलिस से बच रहे थे। विशेष टीमों का गठन कर अलग-अलग थाना क्षेत्रों में एक साथ दबिश दी गई, जिससे बड़ी संख्या में वारंटियों की गिरफ्तारी संभव हो सकी।
कार्रवाई के दौरान खमतराई, उरला, गुढ़ियारी, पंडरी और खम्हारडीह थाना क्षेत्रों में दबिश दी गई। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक पकड़े गए आरोपियों में चोरी, लूट, मारपीट, नारकोटिक्स एक्ट, आर्म्स एक्ट और आबकारी एक्ट जैसे मामलों में वांछित आरोपी शामिल हैं। इनमें कुछ आरोपी सात साल तक से फरार बताए गए हैं।
थाना-वार आंकड़ों के अनुसार उरला थाना क्षेत्र से 38 स्थायी और 3 गिरफ्तारी वारंट, गुढ़ियारी से 17 स्थायी और 18 गिरफ्तारी वारंट, पंडरी से 18 स्थायी और 4 गिरफ्तारी वारंट तथा खम्हारडीह से 10 स्थायी और 4 गिरफ्तारी वारंट तामील किए गए। कुल मिलाकर 110 स्थायी और 42 गिरफ्तारी वारंटों की तामील करते हुए 152 वारंटियों को जेल भेजा गया, जबकि अभियान के दौरान कुल 182 आरोपियों को पकड़ा गया।
पुलिस का कहना है कि फरार वारंटियों के खिलाफ ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे, ताकि लंबित मामलों में न्यायिक प्रक्रिया को तेज किया जा सके और कानून-व्यवस्था मजबूत बनी रहे।
