छत्तीसगढ़ में सतत विकास लक्ष्यों (SDG) की दिशा में की गई प्रगति को मापने और जिलों की उपलब्धियों को आंकने के उद्देश्य से “राज्य एवं जिला प्रगति रिपोर्ट 2024” जारी की गई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इसे नवा रायपुर स्थित मंत्रालय में आयोजित मंत्रिमंडल की बैठक के दौरान राज्य नीति आयोग द्वारा प्रस्तुत किया। यह रिपोर्ट वर्ष 2023-24 के आंकड़ों पर आधारित है और इसमें शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, स्वच्छता, ऊर्जा और लॉजिस्टिक जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर विशेष बल दिया गया है।
रिपोर्ट की मुख्य बातें
रिपोर्ट में बताया गया है कि 2023 में राज्य का कंपोजिट स्कोर 69 था, जो 2024 में बढ़कर 70 तक पहुंच गया। यह उपलब्धि छत्तीसगढ़ की सकारात्मक प्रगति का प्रतीक मानी जा रही है। जिलों का मूल्यांकन 82 संकेतकों के आधार पर किया गया और उन्हें चार श्रेणियों—एस्पिरेटर, परफॉर्मर, फ्रंट रनर और अचीवर में वर्गीकृत किया गया।
2024 में 28 जिले फ्रंट रनर श्रेणी में शामिल हुए, जबकि 5 जिले परफॉर्मर श्रेणी में आए। कई जिलों ने अपने स्कोर में वृद्धि दर्ज की, वहीं कुछ ने पिछले वर्ष की तरह अपना प्रदर्शन बरकरार रखा।
राज्य की उपलब्धियां और भविष्य की दिशा
राज्य स्तर पर 16 सतत विकास लक्ष्यों के अंतर्गत 275 संकेतकों का मूल्यांकन हुआ। इनमें से 40 संकेतकों को 2024 तक ही हासिल कर लिया गया, जबकि अनुमान है कि आने वाले दो से तीन वर्षों में 83 संकेतकों के लक्ष्य भी पूरे कर लिए जाएंगे। यह राज्य की नई विकास यात्रा की ओर संकेत करता है।
नेताओं के विचार
योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि यह रिपोर्ट न केवल नीतियों के बेहतर क्रियान्वयन हेतु महत्वपूर्ण है, बल्कि यह जिला स्तर पर हो रहे कार्यों की स्पष्ट तस्वीर भी प्रस्तुत करती है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जोर देकर कहा कि सतत विकास लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए छत्तीसगढ़ सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है और यह रिपोर्ट इस तथ्य का प्रमाण है कि राज्य व जिला स्तर पर किए जा रहे प्रयास सही दिशा में हैं।
