छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के अवसर पर राजधानी रायपुर का आसमान आज देशभक्ति, रोमांच और गौरव से भर उठा। नवा रायपुर के सेंद तालाब के ऊपर भारतीय वायुसेना की सूर्यकिरण एयरोबैटिक टीम ने अपने शानदार करतबों से ऐसा नजारा पेश किया, जिसे देखने हजारों लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। नौ हॉक एमके-132 जेट विमान जब एक साथ उड़ान भरते हुए तिरंगे रंग की धारा छोड़ते नजर आए, तो पूरा आकाश मानो देश के सम्मान में झुक गया।
इस शो की कमान ग्रुप कैप्टन अजय दशरथी ने संभाली। उन्होंने बताया कि इस तरह के एयर शो का नेतृत्व करना गर्व और अनुशासन दोनों की परीक्षा होती है। पिछले एक साल से वे सूर्यकिरण टीम को लीड कर रहे हैं और अब तक 50 से अधिक शो कर चुके हैं। उनकी अगुवाई में टीम ने रायपुर की धरती पर “बॉम्ब बर्स्ट”, “हार्ट इन द स्काई” और “एरोहेड” जैसी रोमांचक फॉर्मेशन पेश कीं।
छत्तीसगढ़ के गौरव पटेल, जो महासमुंद जिले से हैं, भी इस टीम का हिस्सा रहे। किसान परिवार से आने वाले गौरव ने बताया कि जब उन्होंने अपने प्रदेश की धरती पर उड़ान भरी, तो यह उनके जीवन का सबसे गर्वित पल था। उन्होंने कहा कि यह शो उनके लिए भावनात्मक रूप से बेहद खास है, क्योंकि वे इसी मिट्टी में पले-बढ़े हैं।
शो की ‘वॉयस ऑफ द स्काई’ बनीं फ्लाइट लेफ्टिनेंट कंवल संधू, जिन्होंने विमानों की उड़ान और करतबों की शानदार कमेंट्री की। उन्होंने संदेश दिया कि महिला होना कमजोरी नहीं बल्कि शक्ति का प्रतीक है। “अगर वर्दी पहनना आपका सपना है, तो उसे कभी मत छोड़िए,” उन्होंने कहा।
भारतीय वायुसेना ने इस शो में हॉक एमके-132 एडवांस जेट ट्रेनर का इस्तेमाल किया। ये जेट्स मिसाइल, बम और तोप ले जाने में सक्षम हैं। इनका प्रयोग वायुसेना और नौसेना दोनों के प्रशिक्षण में किया जाता है, जो इन्हें युद्ध के साथ-साथ प्रदर्शन के लिए भी सक्षम बनाता है।
राज्योत्सव के इस भव्य आयोजन में प्रवेश निःशुल्क रखा गया। आम नागरिकों की सुविधा के लिए रायपुर शहर से नवा रायपुर राज्योत्सव स्थल तक फ्री बस सेवा की व्यवस्था की गई, जिससे हजारों लोग इस ऐतिहासिक एयर शो का आनंद ले सके।
सुबह 10 से 12 बजे तक चले इस एयर शो के दौरान रायपुर एयरपोर्ट का रनवे बंद रहा और पांच वाणिज्यिक उड़ानों को री-शेड्यूल किया गया। इस दौरान आकाश में केवल भारतीय वायुसेना के विमान ही नजर आए।
