दक्षिण अफ्रीका के प्रिटोरिया के नजदीक स्थित एक हॉस्टल में अवैध शराबखाने को लेकर जारी विवाद के बीच शनिवार तड़के हुई गोलीबारी ने पूरे इलाके को दहला दिया। घटना सुबह करीब 4:30 बजे की है, जब तीन अज्ञात हमलावर हॉस्टल परिसर में घुसे और अंदर मौजूद लोगों पर अंधाधुंध गोलियां चलानी शुरू कर दीं। पुलिस के अनुसार, इस भीषण हमले में 11 लोगों की मौत हो गई, जबकि 14 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। सभी घायलों को पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस प्रवक्ता एथलेंदा माथे ने बताया कि जिस स्थान पर यह हमला हुआ, वहां अवैध तरीके से शराब बेची जा रही थी। हॉस्टल के अंदर चल रहे इस गैर-कानूनी शराबखाने को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। बताया गया कि मरने वालों में 3 साल का बच्चा, 12 साल का एक लड़का और 16 साल की एक लड़की भी शामिल है। 3 साल का बच्चा उसी अवैध शराबबाड़ी के मालिक का बेटा बताया जा रहा है।
माथे ने बताया कि हमले के पीछे का उद्देश्य अभी स्पष्ट नहीं है और पुलिस ने इस मामले में अब तक किसी की गिरफ्तारी नहीं की है। घटनास्थल पर पुलिस टीम मौजूद है और फॉरेंसिक विशेषज्ञ मौके से सबूत जुटा रहे हैं। पुलिस का मानना है कि शराबखाने को लेकर पुराने विवाद के चलते यह हमला किया गया हो सकता है।
पुलिस के अनुसार, मौके पर ही 10 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि एक घायल ने अस्पताल में दम तोड़ दिया। अन्य 14 घायलों का इलाज जारी है। घायल लोगों में अवैध शराबखाने का मालिक भी शामिल है।
इस घटना ने दक्षिण अफ्रीका में अवैध शराबबाड़ियों के बढ़ते प्रभाव और उनसे जुड़े अपराधों को एक बार फिर उजागर कर दिया है। पुलिस प्रवक्ता ने कहा कि बिना लाइसेंस वाले शराबखाने प्रशासन के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन चुके हैं। अप्रैल से सितंबर के बीच पुलिस ने ऐसे 11,975 अवैध शराबखाने बंद किए हैं, लेकिन इसके बावजूद समस्या बनी हुई है।
संयुक्त राष्ट्र के 2023–24 के आंकड़ों के अनुसार, दक्षिण अफ्रीका दुनिया के उन देशों में शामिल है जहां हत्या दर सबसे अधिक है। यहां प्रति एक लाख लोगों पर 45 हत्याएं दर्ज होती हैं। पुलिस के मुताबिक अप्रैल से सितंबर के बीच हर दिन औसतन 63 हत्याएं हुईं। बढ़ते अपराधों के बीच यह गोलीबारी प्रशासन के सामने बड़ी सुरक्षा चुनौती बनकर उभरी है।
