मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पत्नी कौशल्या साय के साथ कवर्धा स्थित ऐतिहासिक भोरमदेव मंदिर में भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चना की। उन्होंने प्रदेश की सुख-शांति, समृद्धि और जनकल्याण की कामना करते हुए महाचतुर शुद्धि सहस्र कलश महाअनुष्ठान में भी भाग लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भोरमदेव धाम छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पहचान का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष भी सावन में कांवड़ यात्रियों का स्वागत पुष्पवर्षा से किया जाएगा।
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