छिंदवाड़ा नगर पालिका ने एक बार फिर यह साबित किया है कि नगर की संपत्तियों का दुरुपयोग और बकाया भुगतान में लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सोमवार सुबह 6 बजे नगर पालिका की टीम ने इमलीखेड़ा क्षेत्र में स्थित 21 दुकानों को सील कर दिया। यह कार्रवाई उन दुकानदारों के खिलाफ की गई, जिन्होंने लंबे समय से किराया और प्रीमियम की राशि का भुगतान नहीं किया था।
नगर निगम की दुकान किराया शाखा की टीम ने सख्त रवैया अपनाते हुए इन दुकानों को बंद करने के साथ-साथ उनके बाहर नोटिस भी चस्पा किए। नोटिस में स्पष्ट लिखा गया कि दुकानें नगर निगम की संपत्ति हैं और किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ करने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
नगर आयुक्त सी.पी. राय ने बताया कि इन दुकानदारों को पहले भी कई बार नोटिस भेजे गए थे। बावजूद इसके जब कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली और भुगतान नहीं किया गया, तो यह कठोर कदम उठाना पड़ा। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि इन दुकानों से नगर निगम को लगभग 1.5 करोड़ रुपये की राशि वसूलनी है।
यह कार्रवाई केवल बकाया वसूली का माध्यम नहीं है, बल्कि यह शहरवासियों को यह संदेश देने का प्रयास भी है कि नगर की संपत्ति और नियमों का सम्मान करना सभी की जिम्मेदारी है। नगर निगम का यह कदम भविष्य में अन्य बकायादारों को भी सचेत करेगा, और उन्हें समय पर भुगतान करने के लिए प्रेरित करेगा।
