रायपुर शहर के पश्चिमी क्षेत्र के लिए यह खबर राहत और विकास दोनों लेकर आई है। लंबे समय से जाम और दुर्घटनाओं से जूझ रहे इस क्षेत्र को अब बड़ी सौगात मिलने जा रही है। पीडब्ल्यूडी विभाग ने 96 करोड़ रुपए की लागत से चार बड़ी परियोजनाओं को मंजूरी दी है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से न केवल आवागमन की समस्या दूर होगी बल्कि नागरिकों की सुरक्षा और सुविधाओं में भी बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।
इन परियोजनाओं में प्रमुख रूप से हीरापुर चौक और बंगाली चौक पर आधुनिक ओवरपास का निर्माण किया जाएगा। हीरापुर चौक पर 49.40 करोड़ रुपए की लागत से ओवरब्रिज बनेगा, जिसकी लंबाई 146.56 मीटर और चौड़ाई 24 मीटर होगी। इसके अलावा अप्रोच रोड की लंबाई 689 मीटर होगी। वहीं बंगाली चौक पर 23.89 करोड़ रुपए की लागत से 120.5 मीटर लंबा और 24 मीटर चौड़ा फ्लाईओवर बनेगा। दोनों ओवरपास 6-लेन के होंगे, जिससे यातायात सुचारू रूप से चलेगा और ब्लैक स्पॉट की समस्या खत्म होगी।
इसके अलावा अन्य क्षेत्रों में भी विकास कार्यों को मंजूरी दी गई है। ठक्कर बापा वार्ड में 19.60 करोड़ रुपए की लागत से पानी टंकी बनाई जाएगी, जबकि दानवीर भामाशाह वार्ड में 3.37 करोड़ रुपए की लागत से नया शाला भवन तैयार होगा। इन सभी परियोजनाओं का भूमिपूजन पीडब्ल्यूडी मंत्री अरुण साव के हाथों किया जाएगा।
रायपुर पश्चिम के विधायक राजेश मूणत ने कहा कि यह केवल निर्माण कार्य नहीं, बल्कि क्षेत्र की वर्षों पुरानी समस्याओं का समाधान है। शाला भवन से शिक्षा की सुविधा बढ़ेगी, पानी टंकी से जनस्वास्थ्य में सुधार होगा और ओवरपास से आवागमन आसान होगा। उन्होंने बताया कि सरकार रायपुर पश्चिम को विकसित और सुविधाजनक क्षेत्र के रूप में आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।
विशेष रूप से बंगाली चौक, जो पहले ब्लैक स्पॉट घोषित किया गया था, अब फ्लाईओवर बनने के बाद दुर्घटनामुक्त क्षेत्र बन जाएगा। अब वहां सर्विस लेन और ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारकर नागरिकों को सुगमता मिलेगी।
इन परियोजनाओं के माध्यम से रायपुर पश्चिम में शिक्षा, स्वास्थ्य और परिवहन से जुड़ी कई बुनियादी जरूरतों को पूरा किया जा रहा है। यह कदम न केवल शहर के विकास को नई गति देगा बल्कि आम नागरिकों के जीवन को सुरक्षित और आसान भी बनाएगा।
