जोधपुर (राजस्थान)। रविवार रात राजस्थान के फलोदी इलाके में हुए भीषण सड़क हादसे ने पूरे राज्य को झकझोर दिया। एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार टेम्पो ट्रैवलर ट्रेलर से जा भिड़ा, टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि गाड़ी के परखच्चे उड़ गए। मौके पर ही 15 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हैं।
यह हादसा इतना दर्दनाक था कि सड़क पर कई मीटर तक शव बिखर गए। स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद बचाव दल ने कड़ी मशक्कत से शवों और घायलों को बाहर निकाला।
धरना और मुआवजा: परिवारों का दर्द, सरकार का फैसला
हादसे के बाद मृतकों के परिजनों ने एक्सप्रेस-वे पर धरना दिया और मुआवजे की मांग की। परिजनों का कहना था कि एक ही परिवार के कई सदस्यों की मौत से पूरा घर उजड़ गया है।
सरकार ने देर रात घोषणा की कि जिन परिवारों में तीन लोगों की मौत हुई है, उन्हें ₹25 लाख तक का मुआवजा दिया जाएगा। वहीं जिन परिवारों ने एक या दो सदस्यों को खोया है, उन्हें अलग-अलग श्रेणी के तहत आर्थिक सहायता दी जाएगी। इसके साथ ही प्रधानमंत्री राहत कोष से भी ₹2 लाख प्रति मृतक और ₹50 हजार घायल को देने की घोषणा की गई है।
आंखों में आंसू, दिल में सवाल… आखिर कब थमेगी सड़क पर मौतों की रफ्तार?
स्थानीय लोगों का कहना है कि एक्सप्रेस-वे पर सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा है। कई बार भारी वाहनों को किनारे खड़ा छोड़ दिया जाता है, जिससे दुर्घटनाएं होती हैं। हादसे के बाद भी कई सवाल खड़े हो गए हैं—क्या ट्रेलर गलत तरीके से खड़ा था? क्या स्पीड लिमिट का पालन हुआ?
प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं। फिलहाल घायलों का इलाज चल रहा है और इलाके में मातम पसरा है।
