छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में इंद्रावती नदी में नाव पलटने से एक ही परिवार के चार सदस्यों के लापता होने की हृदयविदारक घटना सामने आई है। यह हादसा 21 जनवरी की शाम करीब 5 बजे भैरमगढ़ थाना क्षेत्र के उसपरी झिल्ली घाट पर हुआ। सभी पीड़ित बोड़गा गांव के निवासी बताए जा रहे हैं, जो उसपरी बाजार से खरीदारी कर नाव के जरिए अपने गांव लौट रहे थे।
जानकारी के अनुसार नाव में कुल पांच लोग सवार थे। नदी पार करते समय तेज बहाव के कारण नाव असंतुलित हो गई और पलट गई। इस हादसे में पति-पत्नी और उनके दो बच्चे नदी के तेज बहाव में बह गए, जबकि एक महिला को स्थानीय ग्रामीणों की मदद से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। बचाई गई महिला को प्राथमिक उपचार के बाद परिजनों के साथ गांव भेज दिया गया।
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन, राजस्व विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीम मौके के लिए रवाना हुई। नगर सेना (होमगार्ड) को भी रेस्क्यू के लिए सूचित किया गया। हालांकि शाम हो जाने और अंधेरा बढ़ने के कारण उसी रात बचाव अभियान शुरू नहीं किया जा सका। प्रशासन ने सुबह मोटरबोट के जरिए तलाशी अभियान शुरू करने की योजना बनाई।
रेस्क्यू अभियान में उस समय और देरी हो गई, जब नगर सेना की मोटरबोट रास्ते में वाहन खराब होने के कारण घाट तक नहीं पहुंच सकी। इसके चलते सर्च ऑपरेशन शुरू नहीं हो पाया। इंद्रावती नदी जिला मुख्यालय से लगभग 80 किलोमीटर दूर होने के कारण भी राहत कार्य में दिक्कतें आईं।
घटना की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मौके पर पहुंचे और अधिकारियों से चर्चा कर जल्द से जल्द प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए। प्रशासन का कहना है कि हालात अनुकूल होते ही नदी में लापता लोगों की तलाश के लिए सघन अभियान चलाया जाएगा।
इस हादसे ने एक बार फिर नदी पार करने के दौरान सुरक्षा उपायों और नाव संचालन में लापरवाही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्षेत्र में शोक का माहौल है और परिजन लापता लोगों की सलामती की दुआ कर रहे हैं।
