रायपुर: छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) पेपर लीक घोटाले में CBI ने शुक्रवार को 5 लोगों को गिरफ्तार किया। आरोपियों में रिटायर्ड IAS अधिकारी और पूर्व परीक्षा नियंत्रक आरती वासनिक भी शामिल हैं।
सभी आरोपियों को विशेष CBI कोर्ट रायपुर में पेश किया गया, जहां जांच एजेंसी ने 14 दिन की रिमांड की मांग की।
आरोप
आरती वासनिक पर मुख्य आरोप है कि उन्होंने परीक्षा प्रश्न पत्र लीक कराने में भूमिका निभाई। अन्य आरोपियों पर भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी और चयन सूची से छेड़छाड़ करने का आरोप है। CBI का मानना है कि इस गड़बड़ी से कई उम्मीदवारों को गलत तरीके से फायदा पहुंचाया गया।
आगे की कार्रवाई
कोर्ट ने आरोपियों को CBI हिरासत में भेजने पर फैसला सुरक्षित रखा है CBI अब आरोपियों से पूछताछ कर यह जानने की कोशिश करेगी कि और कौन-कौन लोग इस नेटवर्क में शामिल थे। घोटाले से जुड़ी फाइलें, डिजिटल डाटा और बैंक लेन-देन की जांच भी की जाएगी।
CGPSC भर्ती घोटाले की शिकायत के बाद राज्य सरकार ने जांच CBI को सौंप दी थी। इससे पहले भी पूर्व अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी और कई अधिकारियों पर कार्रवाई हो चुकी है। यह घोटाला प्रदेश की सबसे बड़ी भर्ती घोटाला जांचों में से एक माना जा रहा है।
इस केस से जुड़े और नाम सामने आने की संभावना है।
