छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले से एक शर्मनाक और चिंताजनक घटना सामने आई है, जिसमें बच्चों को मिड-डे मील (मध्यान्ह भोजन) कुत्ते के जूठे बर्तन में परोसा गया। इस घटना ने न केवल प्रशासन को हिला दिया है, बल्कि समाज में शिक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
घटना का विवरण:
यह मामला विकासखंड पलारी के अंतर्गत आने वाली शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला, लखनपुर का है। 28 जुलाई 2025 को स्कूल में रसोइया द्वारा बनाए गए मिड-डे मील को पहले एक कुत्ते ने खा लिया था। इसके बावजूद वही खाना बच्चों को परोसा गया। हैरानी की बात यह रही कि स्कूल की रसोइया और प्रधानपाठक ने इस बात की जानकारी होने के बावजूद भोजन परोसने से नहीं रोका और बाद में शिकायत को छिपाने की भी कोशिश की।
प्रशासनिक कार्रवाई:
घटना के सामने आने के बाद लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा कार्रवाई करते हुए प्राचार्य को तत्काल निलंबित कर दिया गया। जिला कलेक्टर द्वारा की गई जांच में यह बात सामने आई कि 84 बच्चों ने उस दिन मिड-डे मील खाया था, जिसके बाद उन्हें एंटी-रेबीज टीका लगाया गया। स्कूल के प्रभारी प्राचार्य संतोष कुमार साहू को प्रथम दृष्टया दोषी पाते हुए निलंबन की कार्रवाई की गई।
