जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में चिनाब नदी पर बन रहे रतले हाइड्रो इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट को लेकर सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ गई है। स्थानीय पुलिस की ओर से भेजे गए गोपनीय पत्र में दावा किया गया है कि परियोजना में कार्यरत 29 मजदूरों के पुलिस सत्यापन में आतंकी संगठनों या आपराधिक नेटवर्क से संभावित संबंध सामने आए हैं।
पुलिस का कहना है कि यह परियोजना केवल बिजली उत्पादन तक सीमित नहीं है, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा से भी जुड़ी एक रणनीतिक अवसंरचना है। ऐसे में संदिग्ध पृष्ठभूमि वाले लोगों की मौजूदगी से तोड़फोड़, सूचना लीक या आतंकी गतिविधियों का खतरा पैदा हो सकता है।
- परियोजना का निर्माण कार्य कर रही मेघा इंजीनियरिंग एंड इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (MEIL) ने पुलिस की चेतावनी मिलने की पुष्टि की है। कंपनी प्रबंधन का कहना है कि जिन मजदूरों पर कोई अदालत-सिद्ध दोष नहीं है, उन्हें तत्काल हटाना कानूनी रूप से जटिल है। हालांकि, कंपनी ने यह भरोसा दिलाया है कि सभी संदिग्ध कर्मचारियों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी और सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय बढ़ाया जाएगा।
