छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक महिला पटवारी और उसके पति को फंसाकर एक कथित कांग्रेस नेता ने न सिर्फ़ उनसे 70 लाख रुपए की वसूली कर ली, बल्कि उनकी कीमती जमीन भी अपने नाम करा ली। ये सारा खेल रचा गया एक ही झूठ पर – “मैं ACB और EOW से जुड़ा हूं, तुम्हारी फाइल उड़ा दूंगा या चलवा दूंगा।”
आरोपी का नाम है हसन आबिदी – जो खुद को कांग्रेस नेता और रसूखदार अफसरों का करीबी बताता था।
कैसे रचा गया ब्लैकमेलिंग का जाल?
आरोपी हसन आबिदी ने महिला पटवारी के पति राजेश सोनी को डराया कि उनके खिलाफ ACB और आर्थिक अपराध शाखा (EOW) में शिकायत पहुंच गई है।
फिर खुद को “सिस्टम के अंदर का आदमी” बताते हुए कहा –
> “अगर तुमने मेरी बात नहीं मानी, तो कार्रवाई शुरू हो जाएगी… नौकरी जाएगी, नाम खराब होगा।”
राजेश सोनी और उनकी पत्नी इस झांसे में आ गए और डर के मारे 70 लाख रुपए आरोपी को दे दिए।
इसी दौरान आरोपी ने 3500 स्क्वायर फीट जमीन भी अपने नाम रजिस्ट्री करा ली।
पैसे देने के बाद भी नहीं रुका आरोपी: मांगी 2.5 करोड़ की अगली किश्त
राजेश को लगा कि अब यह कभी खत्म नहीं होगा।
जब हसन आबिदी ने अगली किश्त के रूप में पूरे ₹2.5 करोड़ की डिमांड रख दी, तब जाकर उन्होंने पुलिस से संपर्क किया।
