छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में तैनात एक CRPF जवान द्वारा आत्महत्या किए जाने की खबर से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। जवान की पहचान पप्पू यादव के रूप में हुई है, जो केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की 22वीं बटालियन में मिन्नागाचल कैंप में पदस्थ था।बताया गया है कि पप्पू यादव हाल ही में बिहार स्थित अपने घर से छुट्टी मनाकर लौटा था। ड्यूटी पर लौटने के मात्र एक दिन बाद ही उसने अपनी सर्विस राइफल से खुद को गोली मार ली। गोली गले से सिर तक निकल गई, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।घटना की सूचना मिलते ही संबंधित अधिकारी मौके पर पहुंचे और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। यह घटना नैमेड थाना क्षेत्र के अंतर्गत आती है। आत्महत्या के कारणों का अब तक पता नहीं चल पाया है, लेकिन प्राथमिक तौर पर मानसिक तनाव की आशंका जताई जा रही है।जवानों की इस प्रकार की आत्महत्याओं से यह साफ होता है कि देश की सुरक्षा में लगे सशस्त्र बलों को केवल शारीरिक ही नहीं, मानसिक रूप से भी मजबूत रखने की जरूरत है। ऐसी घटनाएं इस बात का संकेत हैं कि सुरक्षा बलों के बीच मानसिक स्वास्थ्य को लेकर जागरूकता और परामर्श सेवाओं की जरूरत बढ़ती जा रही है।
सरकार और संबंधित विभागों को चाहिए कि वे इस दिशा में गंभीर कदम उठाएं ताकि जवानों को मानसिक राहत मिल सके और इस प्रकार की घटनाएं रोकी जा सकें।
