छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के धरमपुर सर्किल में बीते कुछ दिनों से हाथियों का झुंड लगातार विचरण कर रहा है। इस स्थिति को देखते हुए शिक्षा विभाग ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए स्कूलों के संचालन समय में बदलाव करने का निर्णय लिया है।
जिला शिक्षा अधिकारी की स्वीकृति के बाद विकासखंड शिक्षा अधिकारी, प्रतापपुर ने सभी स्कूल प्राचार्यों और प्रधान पाठकों को निर्देश जारी किए हैं। यह व्यवस्था विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर लागू की गई है और तब तक प्रभावी रहेगी जब तक हाथी इस क्षेत्र से बाहर नहीं चले जाते।
वन विभाग के अधिकारियों ने भी हाथियों की मौजूदगी की पुष्टि की है। स्थानीय अभिभावकों ने फोन कॉल्स और मौखिक सूचना के माध्यम से स्कूल प्रशासन को सतर्क किया। इससे पहले भी हाथियों के कारण कई बार स्कूल बंद करने की नौबत आ चुकी है। ऐसे में शिक्षा विभाग ने छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अस्थायी उपाय किए हैं।
नए आदेश के अनुसार, संकुल केन्द्र भरदा, कोटेया, बगड़ा और पल्दा के अंतर्गत आने वाले सभी स्कूलों, शा. हाई स्कूल गणेशपुर और शा. उ.मा.वि. धरमपुर के समय में परिवर्तन किया गया है। अब इन स्कूलों का संचालन सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक किया जाएगा। विद्यालय प्रबंधन को यह भी अधिकार दिया गया है कि यदि स्थिति अधिक गंभीर हो तो वे छात्रों को 3 बजे से पहले भी घर भेज सकते हैं।
यह आदेश केवल धरमपुर सर्किल में हाथियों के प्रवास तक ही प्रभावी रहेगा। जैसे ही हाथियों का झुंड आगे बढ़ जाएगा और स्थिति सामान्य हो जाएगी, स्कूलों का समय पुनः पूर्ववत सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक कर दिया जाएगा।
इस प्रकार, शिक्षा विभाग का यह निर्णय विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए उठाया गया एक आवश्यक कदम है, जो यह दर्शाता है कि प्रशासन बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है।
