भारत में मोटर व्हीकल टैक्स (Road Tax) लंबे समय से एक ऐसा मुद्दा रहा है जिस पर वाहन मालिकों को कई बार अनुचित बोझ उठाना पड़ता था। कई लोग अपनी गाड़ियों का इस्तेमाल न करते हुए भी उन पर टैक्स भरने के लिए मजबूर होते थे। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने इस विषय पर एक ऐतिहासिक फैसला सुनाया है, जिसने वाहन मालिकों को बड़ी राहत दी है।
मुख्य भाग:
सुप्रीम कोर्ट ने अपने निर्णय में स्पष्ट किया कि यदि कोई वाहन सार्वजनिक सड़कों पर उपयोग में नहीं आ रहा है, तो उस पर रोड टैक्स नहीं लगाया जा सकता। इसका सीधा अर्थ यह है कि यदि किसी व्यक्ति की गाड़ी पुरानी हो चुकी है, खराब अवस्था में है या लंबे समय से उपयोग में नहीं लाई जा रही है, तो अब उसे टैक्स नहीं देना होगा।
यह फैसला उन लाखों लोगों के लिए राहत का कारण बनेगा, जिन्हें अपनी गाड़ियों को इस्तेमाल न करने के बावजूद टैक्स देना पड़ता था। कई बार ग्रामीण और छोटे कस्बों में लोग पुरानी गाड़ियों को घर या गैराज में खड़ी रखते हैं, लेकिन टैक्स विभाग उन्हें उपयोग में मानकर टैक्स की मांग करता था। कोर्ट के इस निर्णय से ऐसी समस्याओं का अंत होगा।
